Nashik Case:-TCS नासिक केस: ‘निदा खान HR नहीं थीं’, CEO K. Krithivasan ने अफवाहों पर लगाया विराम, कहा- आंतरिक शिकायत नहीं मिली

Nashik Case:-महाराष्ट्र के नासिक में Tata Consultancy Services (TCS) से जुड़े कथित यौन उत्पीड़न और धर्मांतरण के मामले में अब कंपनी के CEO K. Krithivasan ने सामने आकर स्थिति साफ की है। उन्होंने कहा कि कंपनी को इस मामले में अपने आंतरिक सिस्टम के जरिए कोई भी शिकायत नहीं मिली है।
CEO कृतिवासन ने मीडिया में चल रही कई खबरों को गलत बताया। उन्होंने साफ किया कि जिस महिला कर्मचारी निदा खान को HR मैनेजर बताया जा रहा था, वह HR में नहीं थीं और न ही भर्ती प्रक्रिया से जुड़ी थीं। वह सिर्फ एक प्रोसेस एसोसिएट के तौर पर काम कर रही थीं और उनके पास कोई बड़ी जिम्मेदारी नहीं थी।
कंपनी ने यह भी कहा कि नासिक की यूनिट पूरी तरह से चालू है और सामान्य रूप से काम कर रही है। इसे बंद करने की खबरें गलत हैं।
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Nashik Case:-मामले की जांच के लिए TCS ने बाहरी एजेंसियों की मदद ली है। इसमें Deloitte और Trilegal को शामिल किया गया है। जांच की निगरानी कंपनी की वरिष्ठ अधिकारी आरती सुब्रमण्यम कर रही हैं, जबकि एक ओवरसाइट कमेटी भी बनाई गई है, जिसकी अध्यक्षता Keki Mistry कर रहे हैं।
इस केस में नया मोड़ तब आया जब National Investigation Agency (NIA) ने भी रुचि दिखाई। नासिक पुलिस ने धर्मांतरण और पैसों के लेन-देन से जुड़े दस्तावेज NIA को सौंप दिए हैं। इसके अलावा National Commission for Women ने भी जांच के लिए एक विशेष टीम बनाई है।
अब यह मामला सिर्फ कंपनी तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर भी गंभीरता से देखा जा रहा है।
