Pakistan Fuel Crisis:-ईरान-इजराइल युद्ध का असर: पाकिस्तान में पेट्रोल-डीजल संकट गहराया, कई पंप बंद होने की आशंका

Pakistan Fuel Crisis:-मध्य-पूर्व में जारी अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच तनाव का असर अब तेल बाजार पर साफ दिखाई देने लगा है। युद्ध के कारण स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से तेल की सप्लाई प्रभावित हो गई है। पिछले तीन दिनों से खाड़ी क्षेत्र से तेल की आपूर्ति बाधित होने के कारण पाकिस्तान में पेट्रोल और डीजल का स्टॉक तेजी से घट रहा है।
पाकिस्तान पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन (PPDA) ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही सप्लाई सामान्य नहीं हुई, तो सोमवार से कई पेट्रोल पंप बंद होने की नौबत आ सकती है।
READ MORE:- खेरुद गांव में भीषण आग: किसान के बाड़े में खड़े 3 ट्रैक्टर और कार जलकर खाक, पुलिस जांच में जुटी
Pakistan Fuel Crisis:-युद्ध का तेल सप्लाई पर असर
मध्य-पूर्व में बढ़ते तनाव के कारण दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल मार्गों में से एक स्ट्रेट ऑफ होर्मुज प्रभावित हो गया है। इस रास्ते से दुनिया के बड़े हिस्से में कच्चा तेल पहुंचता है।
युद्ध की वजह से जहाजों की आवाजाही प्रभावित हुई है, जिससे तेल की सप्लाई पर दबाव बढ़ गया है।
| कारण | असर |
|---|---|
| स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में तनाव | तेल टैंकरों की आवाजाही प्रभावित |
| खाड़ी क्षेत्र में सैन्य गतिविधि | सप्लाई चेन बाधित |
| वैश्विक बाजार में अनिश्चितता | तेल की कीमतों में बढ़ोतरी |
Pakistan Fuel Crisis:-पाकिस्तान में तेजी से घट रहा ईंधन स्टॉक
पाकिस्तान पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन का कहना है कि सरकार दावा कर रही है कि देश में 20-25 दिनों का स्टॉक मौजूद है, लेकिन पेट्रोल पंप मालिकों को पिछले तीन दिनों से नई सप्लाई नहीं मिली है।
एसोसिएशन के मुताबिक तेल कंपनियों ने सप्लाई में भारी कटौती कर दी है।
सप्लाई की स्थिति
| ईंधन | सप्लाई की स्थिति |
|---|---|
| डीजल | घटकर लगभग 20% |
| पेट्रोल | सीमित आपूर्ति |
| नई सप्लाई | पिछले 3 दिन से बंद |
एसोसिएशन ने आरोप लगाया है कि ऑयल मार्केटिंग कंपनियां कोटा सिस्टम लागू कर रही हैं, जिससे पंप मालिकों को बहुत कम मात्रा में तेल मिल रहा है।
Pakistan Fuel Crisis:-ईंधन की कीमतों में भी बढ़ोतरी
ईंधन की कमी का असर कीमतों पर भी पड़ने लगा है।
| ईंधन | कीमत में बढ़ोतरी |
|---|---|
| डीजल | लगभग 17 पाकिस्तानी रुपये |
| पेट्रोल | लगभग 35 पाकिस्तानी रुपये |
एसोसिएशन के केंद्रीय महासचिव चौधरी इरफान इलाही ने कहा कि यदि यही स्थिति बनी रही तो कुछ ही दिनों में कई शहरों में पेट्रोल-डीजल मिलना मुश्किल हो सकता है।
Pakistan Fuel Crisis:-पाकिस्तान की तेल आयात पर निर्भरता
पाकिस्तान अपनी जरूरत का अधिकांश तेल विदेशों से आयात करता है। खाड़ी देशों पर उसकी निर्भरता बहुत ज्यादा है।
| तथ्य | विवरण |
|---|---|
| मासिक तेल आयात | लगभग 10 लाख बैरल |
| प्रमुख आपूर्तिकर्ता | सऊदी अरब, UAE |
| घरेलू उत्पादन | बहुत कम |
हालांकि ऑयल एंड गैस रेगुलेटरी अथॉरिटी (OGRA) का दावा है कि देश में लगभग 28 दिनों की खपत के बराबर तेल का स्टॉक मौजूद है।
क्या हो सकता है आगे?
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि खाड़ी क्षेत्र में तनाव जल्द खत्म नहीं हुआ तो तेल की वैश्विक सप्लाई और कीमतों पर बड़ा असर पड़ सकता है, जिसका प्रभाव भारत सहित कई देशों पर भी पड़ सकता है।
