समाचार

Census Rules 2026:-जनगणना में बड़ा बदलाव! अब प्राइवेट स्कूल के शिक्षक, क्लर्क और बैंककर्मी भी निभाएंगे बड़ी जिम्मेदारी

Census Rules 2026:-देश में जनगणना की प्रक्रिया को लेकर केंद्र सरकार ने अहम बदलाव किया है। गृह मंत्रालय ने 16 अक्टूबर 2026 को जनगणना (संशोधन) नियम, 2026 अधिसूचित कर एन्यूमेरेटर यानी जनगणना के दौरान लोगों और परिवारों से जानकारी जुटाने वाले कर्मचारियों की पात्रता का दायरा बढ़ा दिया है। नए नियमों के तहत अब सरकारी ही नहीं, बल्कि निजी शिक्षण संस्थानों के शिक्षक, विभिन्न सरकारी विभागों के अधिकारी-क्लर्क और कई अन्य संस्थानों में कार्यरत कर्मचारी भी एन्यूमेरेटर नियुक्त किए जा सकेंगे।

Census Rules 2026:-किन लोगों को मिल सकेगा जनगणना कार्य का मौका?

गृह मंत्रालय की अधिसूचना के अनुसार, जनगणना नियम, 1990 में संशोधन करते हुए पात्र व्यक्तियों की श्रेणियों का विस्तार किया गया है। इसके तहत सरकारी, स्थानीय निकायों, सहायता प्राप्त और बिना सहायता वाले निजी शिक्षण संस्थानों के शिक्षकों को जनगणना कार्य के लिए नियुक्त किया जा सकता है। इसके अलावा सोसायटी और ट्रस्ट द्वारा संचालित शिक्षण संस्थानों के शिक्षक भी इस दायरे में शामिल हैं।

संशोधित नियमों में केंद्र और राज्य सरकारों के अधिकारियों एवं क्लर्कों के साथ स्थानीय निकायों के कर्मचारियों को भी शामिल किया गया है। सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों (PSU), वैधानिक निकायों, बैंकों, कंपनियों, संस्थानों, सोसायटियों और ट्रस्टों में काम करने वाले क्लर्क तथा अन्य अधिकारी भी एन्यूमेरेटर बनने के पात्र होंगे।

Census Rules 2026:-राज्य सरकारों को भी मिला अतिरिक्त अधिकार

नए नियमों के तहत राज्य सरकारों और केंद्र शासित प्रदेशों के प्रशासनों को जरूरत के अनुसार किसी अन्य उपयुक्त व्यक्ति को भी एन्यूमेरेटर नियुक्त करने का विकल्प दिया गया है। इससे जनगणना के दौरान उपलब्ध कर्मचारियों की संख्या और स्थानीय जरूरतों के अनुसार नियुक्तियां करने में मदद मिल सकती है।

Census Rules 2026:-क्या सभी पात्र लोगों की होगी नियुक्ति?

नियमों में किसी श्रेणी को पात्र बनाए जाने का अर्थ यह नहीं है कि उस श्रेणी के प्रत्येक व्यक्ति की नियुक्ति अपने आप हो जाएगी। संबंधित प्रशासन जरूरत, उपयुक्तता और निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार एन्यूमेरेटर नियुक्त कर सकेगा। इसलिए इस संशोधन को सीधे तौर पर सभी शिक्षकों, बैंककर्मियों या क्लर्कों के लिए नई सरकारी नौकरी अथवा भर्ती की घोषणा नहीं माना जाना चाहिए।

कब से लागू हुए नए नियम?

गृह मंत्रालय ने जनगणना अधिनियम, 1948 की धारा 18(1) के तहत अधिकारों का इस्तेमाल करते हुए यह संशोधन जारी किया है। अधिसूचना के अनुसार, Census (Amendment) Rules, 2026 आधिकारिक राजपत्र में प्रकाशन की तारीख, यानी 16 अक्टूबर 2026 से लागू हो गए हैं। अधिसूचना भारत के महापंजीयक एवं जनगणना आयुक्त मृत्युंजय कुमार नारायण के नाम से जारी की गई है।

मूल जनगणना नियम 31 दिसंबर 1990 को अधिसूचित हुए थे। इसके बाद 1994, 2009, 2018 और 2022 में भी इनमें संशोधन किए गए थे।

Census Rules 2026:-जनगणना के लिए क्यों अहम है यह बदलाव?

जनगणना देश की आबादी, परिवारों और सामाजिक-आर्थिक स्थिति से संबंधित महत्वपूर्ण आंकड़े जुटाने की प्रक्रिया है। इसके लिए बड़े स्तर पर प्रशिक्षित मानव संसाधन की आवश्यकता होती है। पात्रता का दायरा बढ़ने से प्रशासन को जरूरत के मुताबिक अधिक लोगों को इस काम में लगाने का विकल्प मिलेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *