Delhi Blast:-दिल्ली कार ब्लास्ट केस: NIA को मिले अंतरराष्ट्रीय साजिश के संकेत, कट्टरपंथी सामग्री बरामद

Delhi Blast:-पिछले साल नवंबर में दिल्ली में हुए दर्दनाक कार धमाके की जांच अब और गहरी हो गई है। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) को इस मामले में अंतरराष्ट्रीय साजिश के संकेत मिले हैं। जांच के दौरान एजेंसी ने कई डिजिटल सबूत और अरबी भाषा में लिखी कट्टरपंथी सामग्री जब्त की है, जिससे मामला और गंभीर हो गया है।
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Delhi Blast:-क्या मिले सबूत?
| सबूत का प्रकार | क्या मिला |
|---|---|
| डिजिटल डेटा | संदिग्ध चैट, दस्तावेज |
| अरबी सामग्री | कट्टरपंथी विचारों से जुड़ी |
| केमिकल जानकारी | सामान्य चीजों से विस्फोटक बनाने के तरीके |
| मोबाइल नंबर | संदिग्ध संपर्कों की पहचान |
Delhi Blast:-कट्टरपंथी और भड़काऊ सामग्री का खुलासा
NIA के अनुसार, बरामद सामग्री में ऐसे दस्तावेज शामिल हैं जिनमें रोजमर्रा की चीजों से विस्फोटक बनाने के तरीके बताए गए हैं। एजेंसी को शक है कि यह सामग्री लोगों को भड़काने और गलत विचारधारा फैलाने के लिए इस्तेमाल की जा रही थी।
Delhi Blast:-विशेषज्ञों की मदद से होगी जांच
इस सामग्री को समझने के लिए NIA ने Jamia Millia Islamia के अरबी भाषा विशेषज्ञों से मदद मांगी है। विशेषज्ञ अब इन दस्तावेजों का गहराई से अध्ययन कर रिपोर्ट तैयार करेंगे।
Delhi Blast:-व्हाट्सऐप ग्रुप्स पर NIA की नजर
जांच में कुछ ऐसे WhatsApp ग्रुप सामने आए हैं जिनका इस्तेमाल संदिग्ध लोग आपस में बातचीत के लिए करते थे।
इन ग्रुप्स का संबंध कथित तौर पर “अंसार गजवत उल हिंद” नामक प्रतिबंधित संगठन से बताया जा रहा है।
Delhi Blast:-आरोपियों की भूमिका
| आरोपी का नाम | आरोप |
|---|---|
| आमिर राशिद मीर | धमाके में इस्तेमाल कार खरीदी |
| जासिर बिलाल वानी (दानिश) | हमले की तैयारी में शामिल |
| मुफ्ती इरफान अहमद वागे | युवाओं को कट्टरपंथी बनाने का आरोप |
| डॉ. मुजम्मिल गनी | सामान और लॉजिस्टिक्स सपोर्ट |
| डॉ. आदिल राथर | IED बनाने में मदद |
घटना में बड़ा नुकसान
तारीख: 10 नवंबर
स्थान: लाल किले के पास, दिल्ली
वाहन: सफेद Hyundai i20
- ❌ 15 लोगों की मौत
- ⚠️ 30 से ज्यादा घायल
जांच एजेंसियों ने इस हमले को आतंकी साजिश बताया है और इसका संबंध जैश-ए-मोहम्मद के एक मॉड्यूल से जोड़ा जा रहा है।
जांच का दायरा बढ़ा
NIA इस मामले में देशभर में छापेमारी कर रही है। कई संदिग्धों और डॉक्टरों को गिरफ्तार किया गया है। जांच एजेंसी अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस साजिश के पीछे देश के बाहर के लोग भी शामिल हैं या नहीं।
